ज़ख़्म खाने की कोई उम्र नहीं होती…
ज़ख़्म खाने की कोई उम्र नहीं होती…उम्र के अपने ज़ख़्म होते हैं…!!
ज़ख़्म खाने की कोई उम्र नहीं होती…उम्र के अपने ज़ख़्म होते हैं…!!
कहीं-कहीं से हर चेहरा तुम जैसा लगता है.तुम को भूल न पायेंगे हम, ऐसा लगता है.! और तो सब कुछ ठीक है लेकिन कभी-कभी यूँ हीचलता-फिरता शहर अचानक तन्हा लगता है.!
ना #आदि #नशे #के,… ना #आदि #रोले #के,… गांमां के #बालक हा, #भगत हा #भोले 🙏के..
दीवाना बनाना है तो दीवाना बना दे.वर्ना कहीं तक़दीर तमाशा न बना दे.. ऐ देखने वालो मुझे हँस हँस के न देखो.तुम को भी मोहब्बत कहीं मुझ सा न बना दे..
वक्त ने दिखा दी… सब की असलियत…वर्ना हम तो वो थे… जो सबको अपना कहते थे…!!
हवा की नमी बता रही है…ये तुमको छूकर आ रही है…!!
जिनके किरदार बहुत मैले थे…लोग वो… सफेद लिबासों में मिले…!!
मैं भी… तालाब का ठहरा हुआ पानी था कभी…एक पत्थर ने… रवाँ धार किया है मुझ को…!!
मिट्टी बिखर जाती है गर नमी थोड़ी भी कम हो………❣️❣️ तुम्ही बताओ कैसे सूखने दूं मै दरिया आंखो का…….😢😢